राजा परिक्षित को दिया ऋषि श्रंगी का श्राप

राजा परिक्षित पाण्डव पूत्र अर्जुन के पौत्र और अभिमन्यू के पूत्र थे। एक समय ऐसा आया जब सभी पांडव अपना सारा राजकाज परिक्षित को सौंपकर स्वर्ग की और चले गये थे। उस समय कलियुग पृथ्वी पर अपना आधिपत्य जमाना चाहता था।लेकिन राजा परिक्षित के रहते यह संभव ना था। राजा परिक्षित के शासन में वहां की प्रजा बहुत सुख में थी। चारों तरफ खुशहाली थी।  एक बार राजा परिक्षित वन में शिकार के लिये गये। तब उन्हें तपस्या में लीन ऋषि शमिक दिखे। वह उनके पास गये और बोले लेकिन कई बार बोलने के बाद भी जब उन्हें उत्तर ना मिला तो राजा परिक्षित ने महर्षि शमिक के उपर एक मरा हुआ सांप डाल दिया। जब यह बात शमिक के पूत्र ऋषि श्रंगी को चली तब उन्होनें परिक्षित को श्राप दिया कि आज से सात दिन के भीतर तेरी मृत्यू सांप के डसने से होगी। सांप के डंसने के बाद परिक्षित की मृत्यू हुई और इसके बाद ही कलियुग का प्रभाव सारी पृथ्वी पर हुआ।

रानी कुतीं के कारण युधिष्ठर ने दिया स्त्रियों को श्राप

जब महाभारत का युद्ध चल रहा था तब अर्जून के हाथों कर्ण की मृत्यू हूई। जब कुंती ने पाण्डवों को बताया कि कर्ण तुम्हारा भाई था। तो इस बात से सभी पांडवों को गहरा दुःख पहॅुचा। उन्होनें कर्ण का पूर्ण रीति रिवाज से अंतिम संस्कार किया। इसके बाद युधिष्ठर माता कूंती के पास गये और उनके पास जाकर यह श्राप दिया कि आज से कोई भी स्त्री चाहकर भी कोई भी गोपनीय रहस्य नहीं छुपा पायेगी। उस श्राप का प्रभाव आज भी है और अब चाहकर भी कोई भी स्त्री किसी रहस्य को नहीं छुपा पाती है।

अश्वस्थामा को दिया श्रीकृष्ण ने श्राप

अपने पिता की मृत्यू से दुखी होकर अश्वस्थामा ने द्रोपदी के सोते हुये पॉच बेटों को मार दिया था। तब पांडव उसका पीछा करते हुये महर्षि वेदव्यास के आश्रम तक पहॅुचे जहां पर अश्वस्थामा ने अर्जून पर ब्रह्मास्त्र का प्रयोग किया। अश्वस्थामा ब्रह्मास्त्र चलाना तो जानता था लेकिन वापस लेना नहीं। तब अर्जून को भी अपना ब्रह्मास्त्र चलाना पडा। तब महर्षि वेदव्यास के कहने पर अर्जून ने अपना ब्रह्मास्त्र ले लिया लेकिन अस्वस्थामा ने उसे अभिमन्यू की पत्नि उत्तरा के गर्भ की ओर मोड दिया। जिससे उनका पूत्र मर गया लेकिन कृष्ण भगवान ने उसे जीवित कर दिया। फिर अश्वस्थामा को श्रीकृष्ण ने 3000 वर्ष तक पृथ्वी पर भटकने का श्राप दिया। और उसके मस्तक की मणि निकाल कर और उसके बाल काटकर उसे भटकने के लिये छोड दिया।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here